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उलरू-काटा जूटा राष्ट्रीय उद्यान के बारे में अधिक जानें

उलरू-काटा जूटा राष्ट्रीय उद्यान यूनेस्को का एक दोहरा विश्व विरासत स्थल है और यहीं पर ऑस्ट्रेलिया की सबसे जानी-मानी प्राकृतिक जगह उलरू भी मौजूद है. यह अनांगू लोगों का सबसे पवित्र स्थान है, जो इसके परंपरागत संरक्षक हैं और यहां पर 30,000 वर्षों से अधिक समय से रह रहे हैं.

अनांगू लोगों के लिए भौतिक और आध्यात्मिक या चेतन और अचेतन के बीच कोई अंतर नहीं है. मनुष्य, धरती, पौधे और जानवर एक दूसरे से जटिल तरीके से जुड़े हुए हैं. इसका मतलब है कि उलरू-काटा जूटा राष्ट्रीय उद्यान को यहां के लोगों की बातों को सुने बिना कभी भी अच्छी तरह से प्रस्तुत नहीं किया जा सकता और न ही समझा जा सकता है (न तो आभासी न ही किसी अन्य तरीके से).

हमारे पार्टनरों के साथ मिलकर, Google ऑस्ट्रेलिया ने इन सांस्कृतिक और आध्यात्मिक आयामों को सड़क दृश्य अनुभव से जोड़ने के तरीके ढूंढे और अनांगू लोगों की प्राचीन मौखिक परंपरा को संरक्षित रखने में मदद की. हमने स्थानीय कानूनों और रिवाज़ों के अनुसार उद्यान को सड़क दृश्य में कैप्चर करने के लिए उलरू-काटा जूटा राष्ट्रीय उद्यान के अनांगू पारंपरिक स्वामियों, पार्क्स ऑस्ट्रेलिया और उत्तरी क्षेत्र की सरकार के साथ मिलकर काम किया. हमने अपनी 360-डिग्री वाली सड़क दृश्य इमेजरी में परंपरागत कहानियों और गीतों को जोड़ने के लिए Story Spheres प्लैटफ़ॉर्म का उपयोग किया.

इसका परिणाम रहा पवित्र अनांगू ‘गाथाओं’ का एक इंटरैक्टिव, ऑडियो-विज़ुअल मार्गदर्शित भ्रमण — जो उनके पूर्वजों की यात्राओं, युद्धों और रोमांचक कारनामों की सृजन कथाएं हैं.

उलरू-काटा जूटा राष्ट्रीय उद्यान और इसकी परंपरागत कहानियों के बारे में अधिक जानें

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